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Wednesday, 26 August 2020

'उन शौर्य वीर की गाथा आज हम तुम्हें सुनाते हैं'

 'उन शौर्य वीर की गाथा आज हम तुम्हें सुनाते हैं'


उन शौर्य वीर की गाथा आज हम तुम्हें सुनाते हैं
जिनकी वीरता से हमारा सीना गर्व से फूल गया
जिनके पराक्रम से उनको दुश्मन भी है नमन करते
जिसने अपने वतन के खातिर प्राण न्यौछावर कर दिये।


खुले आसमान में रहकर वो देश की सेवा थे कर रहे
ठंडी हो या , हो गर्मी , हो या फिर बरसात
अपने वतन की रक्षा करते थे दिन हो या रात ।




वो मां कितनी भाग्यशाली होगी
जिसने इनको जन्म दिये
एक मां की नहीं , वो करोड़ों मां का क़र्ज़ चुका गये।


वो पिता भी कितने धन्य होंगे
जिसने इनको पाला था
एक पिता नहीं , वो करोड़ों पिताओं का मान बढ़ा गये।


वो भाई कितने प्रतापी होंगे
जिसने इनको देश के नाम किये ।


वो बहन भी कितनी प्यारी होगी
जिसने इनके कलाई पे रक्षा का बंधन बांधी होंगी।


वो पत्नी भी कितनी साहसी होगी
जिसने इनको आरती और तिलक कर
देश रक्षा को भेजी होंगी।


हम सब भी कितने सौभाग्यशाली हैं
जो ऐसे वीर अनेकों हैं।

उन शौर्य वीर की गाथा आज हम तुम्हें सुनाते हैं
जिनकी वीरता से हमारा सीना गर्व से फूल गया
जिनके पराक्रम से उनको दुश्मन भी है नमन करते
जिसने अपने वतन के खातिर प्राण न्यौछावर कर दिये।
  ©Prince Kumar 
                           
                          Prince Kumar

Tuesday, 25 August 2020

दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं

' दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं '

दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं
तु है किसी और की फिर भी तुम्हें याद करूं
तुझे जीने का मक़सद बनाया था
हमें क्या पता था कि तुम ऐसे चली जाओगी
मेरे दिल में तो तेरी याद आयेगी
दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं
तु है किसी और की फिर भी तुम्हें याद करूं


तेरे हर सपनों को मैं रोज़ - रोज़ याद करूं
मेरे दिल में तेरी ही एक तस्वीर बनी
तेरे ख्वाबों को पूरा करने में
मैं दिन और रात रहता था
तेरे मासूम से चेहरे को मैं हर वक्त याद करूं
दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं
तु है किसी और की फिर भी तुम्हें याद करूं


मैंने तो तुमको ही दुनिया बना बैठा था
हमें ना पता था कि दुनिया बदल जायेगी
तुम मेरी हो के भी मुझसे यूं बिछड़ जाओगी
दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं
तु है किसी और की फिर भी तुम्हें याद करूं


तेरे यादों में यूं ही हम शायर ना हुये
मेरे जीने की एक भी वज़ह ना बची
तुम्हें भूलना पड़ेगा हमने सोचा ना था
मेरी जिंदगी अधूरी रह जायेगी हमने सोचा ना था
तुझे जीने का मक़सद बनाया था
हमें क्या पता था कि तुम ऐसे चली जाओगी
मेरे दिल में तो तेरी याद आयेगी
दर्द - ए - दिल से तुझे याद करूं
तु है किसी और की फिर भी तुम्हें याद करूं


                               
                                        Prince Kumar

तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए

' तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए'

तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए
तेरे यादों में हम कितना रोयें
हम अपनी मुहब्बत जो तुमको माना
हमें ना पता था जो तुम ऐसी होगी


जब तुमने ऐसा सोचा होगा
तब तुम्हारे दिल में मेरी याद आयी तो होगी
तुम तो ऐसी ना थी
तुम तो मेरे पे मरने की बात कहती थी
तुम तो ऐसी ना थी - 2


तुमको तो तेरी सहेलियों की वो बातें
तो याद आयी होगी
तेरा एक्स्ट्रा क्लास का बहाना बनाकर
घर से निकलना
मेरे साथ अकेले वो घूमना अच्छा लगता था
ये सब तो तुमको याद आयी होगी
तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए


जब तुमने उसके नाम की मेहंदी लगायी होगी
तुमको तो मेरी याद आयी होगी
मेहंदी की गीतों में,
तुमको जो मैंने गीत - ग़ज़लें सुनायी थी
याद आयी तो होगी


शादी के मंडप में जाने से पहले
मेरी याद आयी तो होगी
मंडप में बैठने से पहले डरी तो होगी
सात - फेरों में चलने से पहले
तुम्हें मेरी याद आयी तो होगी
सात - फेरों लगाने में पैर कांपे तो होंगे


तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए
तेरी यादों में हम कितना रोये
हम अपनी मुहब्बत जो तुमको माना
हमें ना पता था जो तुम ऐसी होगी - 2
                      Prince Kumar

तुम सादगी की तरह याद आओगी

    ' तुम सादगी की तरह याद आओगी '

तेरा मिलना बातें करना
हँसकर यूं रुठ जाना
बहुत याद आयेगी
तुम सादगी की तरह याद आओगी।


वो सावन की बारिश
वो बारिश का पानी
वो बारिश के पानी में हमारा मिलना
वो रिमझिम बारिश में तेरा मचलना
तेरे हाथों से बारिश के पानी को यूं छलकाना
बहुत याद आयेगी
तुम सादगी की तरह याद आओगी


तेरी एक झलक के खातिर मैंने
तेरे मोहल्ले के कितने चक्कर लगाए
तुम्हारे छत पे नज़रे गराना
तेरा निकलने का इंतजार करना
अपना वो नज़रों - ए - नज़रे में बातें करना
तुम्हारा वो हँसकर के जाने को कहना
मेरे से पहले वो तेरा हँसकर छत से जाना
तेरे जाने के बाद भी
तेरे छत को निहारना
बहुत याद आयेगी
तुम सादगी की तरह याद आओगी


फूलों की तरह खिला तेरा चेहरा
मोती की तरह तेरी चमकती आंखें
बहुत याद आयेगी
क्या तुम्हें भी मेरी याद आयेगी
क्या तुम भी मेरे बारे में इतना सोचती होगी


तेरा मिलना बातें करना
हँसकर यूं रुठ जाना
बहुत याद आयेगी
तुम सादगी की तरह याद आओगी।


                            Prince Kumar